आज का पंचांग: गुरुवार 18 June 2026, जानिए शुभ-अशुभ मुहूर्त

जानिए आज की तिथि, नक्षत्र, राहुकाल और अभिजित मुहूर्त का समय

आज का पंचांग (गुरुवार, 18 June 2026)

सनातन धर्म में किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले पंचांग देखने की परंपरा है। पंचांग के माध्यम से तिथि, नक्षत्र, योग, करण और शुभ-अशुभ मुहूर्तों की जानकारी प्राप्त होती है। आइए जानते हैं 18 June 2026 का विस्तृत पंचांग।

🌞 आज का दिन विशेष

गुरुवार को बृहस्पति देव का विशेष महत्व है। बृहस्पति ज्ञान, धर्म और समृद्धि के देवता माने जाते हैं। इस दिन बौद्धिक कार्य, अध्ययन, धार्मिक पाठ और दान‑पुण्य करना अत्यंत फलदायक रहता है। बृहस्पति की कृपा से व्यापार में विस्तार, नई शिक्षा या शोध कार्य में सफलता की संभावनाएँ बढ़ती हैं। इस दिन शनि के प्रभाव से उत्पन्न बाधाओं को बृहस्पति की शांति से दूर किया जा सकता है, इसलिए विष्णु‑शिव‑ब्रह्मा के तीनों रूपों की पूजा विशेष रूप से लाभकारी होती है।

📅 तिथि, नक्षत्र, योग, करण

  • वार: गुरुवार
  • तिथि: शुक्ल द्वादशी
  • नक्षत्र: विशाखा
  • योग: विश्कम्भा
  • करण: शकुनि

🌅 सूर्योदय और सूर्यास्त | चंद्र उदय-चंद्रास्त

Noida, Uttar Pradesh (स्थानीय समयानुसार)

  • सूर्योदय: 05:22 am
  • सूर्यास्त: 07:31 pm
  • चंद्र उदय: 02:45 pm
  • चंद्रास्त: 04:30 am (अगले दिन)

⛔ राहुकाल, गुलिक काल, यमगण्ड

कालसमय
राहुकाल01:30 pm – 03:00 pm
गुलिक काल12:00 pm – 01:30 pm
यमगण्ड07:30 pm – 09:00 pm

🌟 अभिजीत मुहूर्त

12:00 pm – 12:48 pm

अभिजीत मुहूर्त वह समय है जब सूर्य और चंद्रमा समानांतर होते हैं, जिससे सभी कार्यों में सफलता, शांति और समृद्धि की प्राप्ति होती है। इस समय में किए गए व्यापार, निवेश या शैक्षणिक कार्य फलदायी होते हैं।

🕒 दिन के चोघड़िया

चोघड़ियासमयफल
उद्वेग05:22 am – 07:10 amअस्थिर, सावधानी आवश्यक
चर07:10 am – 09:00 amसामान्य, कोई विशेष लाभ नहीं
लभ09:00 am – 10:48 amलाभकारी, व्यापार एवं निवेश हेतु उत्तम
अमृत10:48 am – 12:36 pmशारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य में सुधार
शुभ12:36 pm – 02:24 pmपूजा, विवाह, गृह प्रवेश के लिए अनुकूल
रोग02:24 pm – 04:12 pmस्वास्थ्य संबंधी कार्यों से बचें
उद्वेग04:12 pm – 06:00 pmविवाद एवं झगड़े संभव, संयम रखें
चर06:00 pm – 07:31 pmसामान्य, कोई विशेष लाभ नहीं

🌙 रात के चोघड़िया

चोघड़ियासमयफल
लभ07:31 pm – 08:45 pmवित्तीय लाभ, नई योजना शुरू करने योग्य
अमृत08:45 pm – 09:59 pmध्यान, योग व आध्यात्मिक कार्यों में सफलता
शुभ09:59 pm – 11:13 pmशुभ कार्य, दान‑पुण्य हेतु उत्तम
रोग11:13 pm –> 12:27 amस्वास्थ्य‑संबंधी कार्यों से बचें
उद्वेग12:27 am – 01:41 amअस्थिरता, यात्रा से बचें
चर01:41 am – 02:55 amसामान्य, कोई विशेष लाभ नहीं
लभ02:55 am – 04:09 amछोटी‑छोटी आय के अवसर
अमृत04:09 am – 05:22 amशारीरिक पुनरुत्थान, नींद में सुधार

🪔 आज के विशेष शुभ मुहूर्त

  • ब्रह्म मुहूर्त: 04:30 am – 05:00 am
  • अभिजीत मुहूर्त: 12:00 pm – 12:48 pm
  • विजय मुहूर्त: 06:00 pm – 06:30 pm
  • अमृत चौघड़िया: 10:48 am – 12:36 pm (दिन) तथा 08:45 pm – 09:59 pm (रात)
  • गोधूलि मुहूर्त: 07:45 pm – 08:15 pm

🛕 पूजा एवं संकल्प मुहूर्त

बृहस्पति देव की पूजा के लिए 12:36 pm – 02:24 pm (शुभ) का समय उत्तम है। इस समय विष्णु, शिव तथा बृहस्पति के त्रिपुत्र मंत्र (ॐ बृहस्पति नमः) का जप 108 बार करें। यदि आप व्रत रख रहे हैं तो 06:00 am – 07:00 am के ब्रह्म मुहूर्त में जल स्नान कर शुद्धता प्राप्त करें। दान‑पुण्य हेतु 09:59 pm – 11:13 pm (शुभ) में गरीबों को अन्न या वस्त्र दें।

📦 खरीदारी मुहूर्त (Gold, Vehicle, Electronics)

  • 06:00 am – 06:30 am (ब्रह्म मुहूरत)
  • 10:45 am – 12:15 pm (अमृत चोघड़िया)
  • 07:45 pm – 08:15 pm (गोधूलि मुहूरत)

सुनहरा आभूषण या इलेक्ट्रॉनिक वस्तु खरीदते समय ब्रह्म मुहूरत में लेन‑देन करने से निवेश पर लाभ की संभावना बढ़ती है। वाहन खरीदते समय वाहन का पंजीकरण एवं बीमा कार्य भी इस समय में पूरा करें।

📜 नए कार्य प्रारंभ

नौकरी या व्यवसाय में नई पहल के लिए 12:36 pm – 02:24 pm (शुभ) तथा 07:31 pm – 08:45 pm (लभ) के समय सबसे अनुकूल हैं। परीक्षा या इंटरव्यू की तैयारी के लिए सुबह 06:00 am – 07:00 am (ब्रह्म मुहूरत) में हल्का योग एवं प्राणायाम करें।

💼 व्यवसाय / कारोबार मुहूर्त

व्यापार विस्तार, अनुबंध साइन करने और निवेश निर्णय लेने के लिए 09:00 am – 10:48 am (लभ) तथा 07:31 pm – 08:45 pm (लभ) के चोघड़िया सबसे लाभदायक हैं। इस दिन बृहस्पति की कृपा से नई साझेदारियों में सफलता मिलने की संभावना अधिक है, परन्तु रोग काल (02:24 pm – 04:12 pm) में बड़े वित्तीय जोखिम से बचें।

🗓️ दिन-विशेष / धार्मिक व सांस्कृतिक महत्व

  • 18 जून 2026 को कोई राष्ट्रीय पर्व नहीं है, परन्तु यह शुक्ल द्वादशी है; द्वादशी व्रत एवं उपवास का महत्व है।
  • गुरुवार का दिन बृहस्पति देव को समर्पित है, इसलिए बृहस्पति पूजा एवं बौद्धिक कार्यों में सफलता मिलती है।

समग्र रूप से 18 जून 2026 (गुरुवार) बृहस्पति के अनुकूल प्रभाव से भरपूर दिन है। शारीरिक, मानसिक और आर्थिक क्षेत्रों में प्रगति की संभावनाएँ उज्ज्वल हैं, परन्तु रोग काल एवं राहु‑काल में अनावश्यक जोखिम से बचना आवश्यक है। पंचांग के अनुसार उचित समय चुनकर किए गए कार्यों में सफलता की संभावना अधिक रहती है, इसलिए शुभ मुहूर्त